घाटी में बीडीसी अध्यक्ष की हत्या के अगले दिन ही, आतंकवादियों ने एक वकील और सामाजिक कार्यकर्ता बाबर कादरी को उनके घर से बुलाया और उनकी हत्या कर दी। घटना को अंजाम देने के बाद आतंकी फरार हो गए। इसके बाद पूरे इलाके में तलाशी अभियान चलाया गया, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला।
ऐसा कहा जाता है कि बाबर गुरुवार शाम को हवाल में अपने घर पर मौजूद था। इस दौरान आतंकी वहां पहुंचे और उन्हें बाहर बुलाया। बाद में करीब से गोली मार दी। गंभीर रूप से घायल बाबर को पास के स्किम्स अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
बाबर एक जाना-माना चेहरा था जो अक्सर कश्मीर से संबंधित टीवी चर्चाओं में रहता था। यही नहीं, कुछ साल पहले पाकिस्तान से जारी ब्लॉग में बाबर समेत कई लोगों को धमकी दी गई थी। ब्लॉग के नाम पर बाबर पर हमले का भी प्रयास किया गया। उस समय, पारिवारिक सूत्रों ने कहा था कि बाबर की कार को कुछ लोगों ने हवाल के पास पिस्तौल के साथ रोक दिया था। जब उन्होंने कार का दरवाजा खोला, तो उन्होंने पाया कि बाबर कार में नहीं था। इसके बाद वे लौट गए।
ट्वीट कर खतरे के बारे में चेतावनी दी
बाबर ने 21 सितंबर को एक ट्वीट में लिखा, मैं पुलिस और प्रशासन से शाह नजीर के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की गुहार लगाता हूं, जिन्होंने प्रचार किया है कि मैं एजेंसियों के लिए काम करता हूं। यह कथन निराधार है जो मेरे जीवन के लिए खतरा हो सकता है। इस ट्वीट में बाबर ने जोनल पुलिस मुख्यालय जम्मू को भी टैग किया।
उमर ने की निंदा, कहा घटना बहुत दुखद है
पूर्व मुख्यमंत्री और नेकां के उपाध्यक्ष उमर अब्दुल्ला ने हत्या की निंदा करते हुए कहा कि बाबर का आखिरी ट्वीट उसके द्वारा दी गई चेतावनी थी। कहा कि हत्या बहुत दुखद है।